मिडिल ईस्ट तनाव के बीच पेट्रोल-डीजल और एलपीजी पर राहत, फिलहाल नहीं बढ़ेंगे दाम
पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच भारत सरकार की ओर से पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। ईरान पर हमले के बाद वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में तेजी देखने को मिली है, जिससे देश में ईंधन के दाम बढ़ने की आशंका जताई जा रही थी। हालांकि सरकारी सूत्रों के मुताबिक फिलहाल आम उपभोक्ताओं के लिए राहत की खबर है और निकट भविष्य में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी के दाम बढ़ने की संभावना नहीं है।
समाचार एजेंसी Press Trust of India की रिपोर्ट के अनुसार सरकार और तेल कंपनियों की रणनीति ऐसी है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में उतार-चढ़ाव का असर तुरंत उपभोक्ताओं पर नहीं डाला जाता। इससे आम लोगों को अचानक बढ़ती कीमतों का बोझ नहीं उठाना पड़ता।
मिडिल ईस्ट तनाव का तेल बाजार पर असर
पश्चिम एशिया में तनाव उस समय बढ़ गया जब United States और Israel ने Iran के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की। इसके बाद वैश्विक ऊर्जा बाजार में हलचल बढ़ गई और कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिला।
वैश्विक मानक Brent Crude की कीमतों में लगभग 16.8 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि West Texas Intermediate यानी डब्ल्यूटीआई में करीब 14 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई है। इस तेजी के बावजूद भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों को फिलहाल स्थिर रखा गया है।
तेल कंपनियां उठा रही हैं अतिरिक्त बोझ
वैश्विक वित्तीय सेवा कंपनी Nomura की रिपोर्ट के मुताबिक फिलहाल भारत की ऑयल मार्केटिंग कंपनियां बढ़ी हुई कच्चे तेल की कीमतों का असर खुद वहन कर रही हैं। कंपनियां अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें बढ़ने के बावजूद उसे तुरंत उपभोक्ताओं पर नहीं डाल रही हैं।
सरकार की नीति के अनुसार जब वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें कम होती हैं तो तेल कंपनियां अपने मार्जिन को बढ़ाकर मुनाफा कमा सकती हैं। वहीं जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें अचानक बढ़ती हैं तो कंपनियां कुछ समय तक उस बढ़ोतरी का भार खुद उठाकर उपभोक्ताओं को राहत देती हैं।
रूस से फिर बढ़ा तेल आयात
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव को देखते हुए भारत ने अपनी ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए रणनीति में बदलाव किया है। रिपोर्ट्स के अनुसार भारत ने फिर से Russia से कच्चे तेल का आयात बढ़ाना शुरू कर दिया है।
दरअसल भारत अपनी कुल तेल जरूरतों का लगभग 90 प्रतिशत आयात करता है। हाल के महीनों में भारत ने रूस की तुलना में मिडिल ईस्ट देशों से तेल खरीद बढ़ा दी थी, लेकिन ईरान से जुड़े तनाव के बाद संभावित आपूर्ति बाधाओं को देखते हुए अब फिर से रूसी क्रूड ऑयल की ओर रुख किया गया है।
प्रमुख शहरों में पेट्रोल-डीजल के मौजूदा दाम
देश के प्रमुख शहरों में 5 मार्च 2026 को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। राजधानी Delhi में पेट्रोल 94.77 रुपये प्रति लीटर और डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर है।
Hyderabad में पेट्रोल 107.46 रुपये और डीजल 95.70 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। Bengaluru में पेट्रोल 102.92 रुपये और डीजल 90.99 रुपये प्रति लीटर है।
इसके अलावा Chennai में पेट्रोल 100.84 रुपये और डीजल 92.39 रुपये प्रति लीटर, जबकि Kolkata में पेट्रोल 105.45 रुपये और डीजल 92.39 रुपये प्रति लीटर है। वहीं Lucknow में पेट्रोल 94.69 रुपये और डीजल 87.81 रुपये प्रति लीटर दर्ज किया गया है।
सरकार की ओर से फिलहाल संकेत दिए गए हैं कि वैश्विक बाजार में स्थिति पर नजर रखी जा रही है और उपभोक्ताओं को यथासंभव राहत देने का प्रयास जारी रहेगा।