News Image

शांति वार्ता में अटका अहम मुद्दा, जेलेंस्की झुकने को तैयार नहीं

 

यूक्रेन-रूस युद्ध को समाप्त करने की कोशिशों के बीच एक बड़ा अड़चन सामने आ गई है। अमेरिका और यूक्रेन ने युद्ध खत्म करने के लिए 20 बिंदुओं वाली शांति योजना पर आपसी सहमति बना ली है, लेकिन पूर्वी यूक्रेन के क्षेत्रों पर नियंत्रण और जापोरिजिया परमाणु बिजली संयंत्र को लेकर मतभेद अब भी कायम हैं।

करीब चार वर्षों से जारी इस युद्ध को समाप्त करने के उद्देश्य से यह कूटनीतिक मसौदा हाल ही में फ्लोरिडा में हुई लंबी बातचीत के बाद तैयार किया गया है। प्रस्ताव रूस को सौंप दिया गया है और अब आगे की शांति प्रक्रिया पूरी तरह मॉस्को की प्रतिक्रिया पर निर्भर करेगी।

20 सूत्रीय शांति योजना

यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की के अनुसार, इस योजना में युद्धविराम, अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा गारंटी, आर्थिक पुनर्निर्माण और राजनीतिक स्थिरता जैसे अहम पहलुओं को शामिल किया गया है। अमेरिका और यूक्रेन का मानना है कि यह योजना संघर्ष को निर्णायक दिशा दे सकती है।

पूर्वी यूक्रेन बना विवाद का केंद्र

पूर्वी यूक्रेन के औद्योगिक इलाकों में नियंत्रण को लेकर अभी कोई अंतिम सहमति नहीं बन पाई है। जेलेंस्की ने स्पष्ट किया है कि यूक्रेन अपनी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता से किसी भी हालत में समझौता नहीं करेगा।

जापोरिजिया परमाणु संयंत्र पर असहमति

यूरोप के सबसे बड़े जापोरिजिया परमाणु बिजली संयंत्र की सुरक्षा और संचालन भी शांति वार्ता में बड़ी चुनौती बना हुआ है। यूक्रेन चाहता है कि इस संयंत्र को अंतरराष्ट्रीय निगरानी में रखा जाए, ताकि किसी भी संभावित परमाणु खतरे को टाला जा सके।

रूस के जवाब पर टिकी प्रक्रिया

जेलेंस्की ने कहा कि अब फैसला रूस को लेना है। अमेरिका की ओर से यह प्रस्ताव रूसी वार्ताकारों को सौंप दिया गया है और जल्द जवाब की उम्मीद है। यदि रूस सकारात्मक रुख अपनाता है तो शांति वार्ता आगे बढ़ सकती है, अन्यथा संघर्ष के और लंबा खिंचने की आशंका है।